लेटेस्ट न्यूज़
निष्पक्ष चुनाव की मांग को लेकर हरिद्वार की सड़कों पर उतरी कांग्रेस: शैलजा का सरकार पर तीखा हमला, हरदा के सवाल पर कहा— ‘यह पार्टी का अंदरूनी मामला’ | JCB से फूलों की बारिश, नारों की गूंज: रामनगर में हरीश रावत का भव्य स्वागत | Haridwar : हरिद्वार कुंभ मेला 2027: स्वच्छता को लेकर तैयारियां तेज, 32 सेक्टरों में तैनात होंगे 13 हजार से अधिक टॉयलेट और हाईटेक सफाई तंत्र | पहाड़ी क्षेत्रों में डॉक्टरों को मिलेगा ज्यादा वेतन, धामी कैबिनेट में मानदेय में बढ़ोतरी को मंजूरी | रुड़की: खानपुर में चेकिंग के दौरान पुलिस और बदमाश के बीच मुठभेड़, आरोपी के पैर में लगी गोली | देहरादून में अवैध सिम बॉक्स कॉल सेंटर का बड़ा भंडाफोड़, एसटीएफ और दूरसंचार विभाग की संयुक्त कार्रवाई |
300x250 (Top)

Haridwar : कावड़ मेले को लेकर इंटर स्टेट बैठक, पांच राज्यों के अधिकारी रहे मौजूद

-हरिद्वार में शुरू होने जा रही आगामी कावड़ मेले को लेकर आज हरिद्वार स्थित मेला नियंत्रण रूम में पांच राज्यो के अधिकारियों के साथ उत्तराखंड के मुख्य सचिव और डीजीपी की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक की गई जिसमें कई महत्वपूर्ण बिंदुंओ पर अहम चर्चा की गई। साथ ही कावड़ियों से अधिकारियों ने अपील करते हुए हॉकी, डंडे,भाले, त्रिशूल जैसे वस्तुयें साथ मे ना लाने की अपील भी की हैं।

आगामी 11 जुलाई से शुरू हो रही सबसे बड़ी धार्मिक कावड़ यात्रा को लेकर राज्य सरकार पूरी तरह से अलर्ट नजर आ रही है। कावड़ मेले को देखते हुए आज हरिद्वार स्थित मेला नियंत्रण भवन में राजस्थान, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, पंजाब सहित उत्तराखंड के सीनियर अधिकारी मौजूद रहे। उत्तराखंड के मुख्य सचिव आंनद बर्द्धन ने कहा कावड़ यात्रा उत्तर भारत की एक बहुत ही महत्वपूर्ण कावड़ यात्रा होती हैं उत्तराखंड के साथ ही पड़ोसी राज्यों से बड़ी संख्या में कावड़िये हरिद्वार आते है इसीलिए 5 राज्यो के प्रशासन और पुलिस प्रशासन के अधिकारियों के साथ आज एक बैठक की गई है। मुख्य सचिव ने कावड़ियों से अपील की है कि कावड़िये जिस आस्था के साथ हरिद्वार आते है उसी तरह से अपने गंतव्य की और रवाना हो साथ ही उन्होंने कावड़ियों से कहा कि अपने साथ किसी भी प्रकार के हॉकी, बेस बॉल के डंडे इत्यादि प्रतिबंधित चीजे साथ मे ना लाये।

उत्तराखंड के डीजीपी दीपम सेठ ने कहा इस महत्वपूर्ण कावड़ मेले के दृष्टिगत हमारे जो सीमावर्ती राज्य है उन सभी अधिकारियों से एक बैठक कर चर्चा की गई है। पहलगाम की घटना के बाद हरिद्वार से होने जा रहे कावड़ मेले में कावड़ियों की सुरक्षा के कड़े प्रबंध किये जाएंगे। पूर्व की तरह इस वर्ष भी त्रिशूल, भाले, डंडे जैसी वस्तुये कावड़ मेले में प्रतिबंध रहेगी।

uttarakhandtime
Author: uttarakhandtime

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

इस पोस्ट से जुड़े हुए हैशटैग्स