नैनीताल: में यातायात व्यवस्था को अधिक व्यवस्थित, सुरक्षित और पर्यावरण-अनुकूल बनाने के लिए प्रशासन ने बड़ा फैसला लिया है। अब शहर की प्रसिद्ध मॉल रोड पर अनावश्यक हॉर्न बजाने पर प्रतिबंध लगाया जाएगा। यह व्यवस्था 1 अगस्त से लागू होगी। इससे पहले लोगों और पर्यटकों को जागरूक करने के लिए इस सप्ताह से विशेष अभियान चलाया जाएगा तथा विभिन्न स्थानों पर पोस्टर और सूचना बोर्ड लगाए जाएंगे।
यह निर्णय उत्तराखंड उच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुपालन में लिया गया है। इस संबंध में बुधवार को मंडलायुक्त एवं मुख्यमंत्री सचिव दीपक रावत की अध्यक्षता में आयुक्त सभागार में उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया तथा शहर की यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
बैठक में मंडलायुक्त दीपक रावत ने कहा कि मॉल रोड नैनीताल की सबसे प्रमुख पहचान है। हर वर्ष हजारों पर्यटक यहां झील के किनारे शांत वातावरण में घूमने और प्राकृतिक सुंदरता का आनंद लेने आते हैं। लेकिन अनावश्यक हॉर्न बजाने से ध्वनि प्रदूषण बढ़ता है, जिससे पर्यटकों का अनुभव प्रभावित होता है। इसी कारण मॉल रोड पर हॉर्न के अनावश्यक उपयोग पर रोक लगाने का फैसला किया गया है।
प्रशासन के अनुसार, इस नियम को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए जिलाधिकारी (डीएम) और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) जल्द ही आवश्यक आदेश जारी करेंगे। पुलिस नियमों का पालन सुनिश्चित करेगी और उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई भी की जा सकती है।
जागरूकता अभियान होगा शुरू
प्रशासन पहले चरण में लोगों को नियमों की जानकारी देने पर जोर देगा। इसके तहत:
* मॉल रोड और प्रमुख चौराहों पर नो हॉर्न ज़ोन’ के बोर्ड लगाए जाएंगे।
* वाहन चालकों और टैक्सी संचालकों को नए नियमों की जानकारी दी जाएगी।
* पर्यटकों और स्थानीय नागरिकों को ध्वनि प्रदूषण के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक किया जाएगा।
* सार्वजनिक स्थानों पर पोस्टर और प्रचार सामग्री लगाई जाएगी।
झील के आसपास नो-पार्किंग जोन
बैठक में यातायात सुधार के लिए एक और महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया। तल्लीताल डांठ से हनुमानगढ़ी बैंड तक झील के आसपास पूरे क्षेत्र को नो-पार्किंग जोन घोषित किया गया है। इसका उद्देश्य सड़क पर अवैध पार्किंग रोकना, जाम कम करना और आपातकालीन वाहनों की आवाजाही को सुगम बनाना है।
पर्यटकों को मिलेगा शांत वातावरण,प्रशासन का मानना है कि हॉर्न प्रतिबंध और नो-पार्किंग व्यवस्था लागू होने से:
* ध्वनि प्रदूषण में कमी आएगी।
* मॉल रोड का शांत और प्राकृतिक वातावरण बना रहेगा।
* पैदल चलने वाले पर्यटकों की सुरक्षा बढ़ेगी।
* ट्रैफिक जाम कम होगा।
* नैनीताल की पर्यटन छवि और बेहतर होगी।
प्रशासन ने स्थानीय नागरिकों, टैक्सी चालकों और पर्यटकों से नए नियमों का पालन करने तथा शहर को स्वच्छ, शांत और व्यवस्थित बनाए रखने में सहयोग करने की अपील की है। 1 अगस्त से नियम पूरी तरह प्रभावी होने के बाद प्रशासन इनके सख्ती से पालन की निगरानी करेगा।



