रुद्रपुर के ग्राम कीरतपुर में शिक्षा से जुड़े एक बड़े फर्जीवाड़े का मामला सामने आया है। पुलिस ने आनंद बैंक्वेट हॉल के पास एक ट्रक को रोककर जांच की तो उसमें भारी मात्रा में किताबें भरी हुई मिलीं। जांच के दौरान पता चला कि ये किताबें एनसीईआरटी पाठ्यक्रम से मिलती-जुलती हैं, लेकिन उनकी छपाई और गुणवत्ता संदिग्ध है।
ट्रक से ढाई लाख से अधिक किताबें बरामद
प्राथमिक जानकारी के अनुसार ट्रक में करीब ढाई लाख से अधिक किताबें भरी हुई थीं। अधिकारियों का अनुमान है कि इन किताबों की बाजार कीमत करीब छह से सात करोड़ रुपये हो सकती है। मामले की जानकारी मिलते ही शिक्षा विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे और किताबों की जांच शुरू की।
जांच में सामने आई तकनीकी गड़बड़ियां
शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि किताबों के कवर और अंदर के कंटेंट में कई तकनीकी गड़बड़ियां पाई गई हैं। इससे यह आशंका और मजबूत हो गई है कि ये किताबें नकली हो सकती हैं या अवैध तरीके से छापी गई हैं।
गोदाम सीज, आरोपी फरार
पुलिस ने इस मामले में संबंधित गोदाम को सीज कर दिया है। फिलहाल इस फर्जीवाड़े से जुड़े लोग फरार बताए जा रहे हैं और पुलिस उनकी तलाश में जुटी हुई है। ट्रक चालक से भी पूछताछ की जा रही है।
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एनसीईआरटी की टीम करेगी जांच
मामले की गंभीरता को देखते हुए शिक्षा विभाग ने एनसीईआरटी को सूचना दे दी है। बताया जा रहा है कि एनसीईआरटी की विशेषज्ञ टीम सोमवार को रुद्रपुर पहुंचेगी और किताबों की बारीकी से जांच करेगी। जांच के बाद ही यह तय होगा कि किताबें पूरी तरह नकली हैं या अवैध प्रिंटिंग के जरिए तैयार की गई हैं।



