देहरादून : उत्तराखंड में लगातार हो रही भारी बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। रुद्रप्रयाग जिले में अलकनंदा और मंदाकिनी नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया है, जबकि कई जिलों में भूस्खलन के कारण सड़क संपर्क बाधित हो गया है। मौसम विभाग की चेतावनी के बाद राज्य सरकार और आपदा प्रबंधन एजेंसियों को हाई अलर्ट पर रखा गया है।
मुख्यमंत्री ने दिए हाई अलर्ट के निर्देश
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य में लगातार हो रही बारिश और मौसम विभाग की चेतावनियों को देखते हुए आपदा प्रबंधन विभाग के अधिकारियों से स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने सभी संबंधित विभागों, जिला प्रशासन और राहत एजेंसियों को पूरी सतर्कता के साथ कार्य करने के निर्देश दिए हैं।
मुख्यमंत्री ने संवेदनशील क्षेत्रों की लगातार निगरानी, नदियों के जलस्तर पर नजर बनाए रखने तथा आवश्यकता पड़ने पर लोगों को तत्काल सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के निर्देश भी दिए।
रुद्रप्रयाग में बढ़ा नदी का जलस्तर
जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र के अनुसार गुरुवार सुबह अलकनंदा नदी का जलस्तर 627.80 मीटर दर्ज किया गया, जबकि खतरे का निशान 627.00 मीटर है। वहीं मंदाकिनी नदी का जलस्तर 626.60 मीटर रिकॉर्ड किया गया, जो इसके 626.00 मीटर के खतरे के निशान से ऊपर है।
प्रशासन ने नदी किनारे रहने वाले लोगों और श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे नदी तटों से दूर रहें तथा अनावश्यक रूप से नदी के आसपास न जाएं। नगर पालिकाओं द्वारा लाउडस्पीकर के माध्यम से भी लोगों को लगातार सतर्क किया जा रहा है।
अगस्त्यमुनि में फिर बंद हुआ विजयनगर-तैला मार्ग
लगातार बारिश के चलते अगस्त्यमुनि क्षेत्र में विजयनगर-तैला मोटर मार्ग एक बार फिर भूस्खलन की चपेट में आ गया। पहाड़ी से भारी मात्रा में मलबा और बड़े बोल्डर गिरने से यातायात पूरी तरह बाधित हो गया है।
यह मार्ग 80 से अधिक गांवों का प्रमुख संपर्क मार्ग है। मानसून के दौरान इस सड़क पर बार-बार भूस्खलन और भूधंसाव की घटनाएं सामने आ रही हैं, जिससे स्थानीय लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
राज्यभर में 85 सड़कें बंद
भारी बारिश और भूस्खलन के कारण उत्तराखंड में कुल 85 सड़कें बंद हो गई हैं। इनमें चमोली में 20, पिथौरागढ़ में 13, बागेश्वर में 10, देहरादून में 7, नैनीताल में 8, टिहरी में 8, रुद्रप्रयाग में 6, उत्तरकाशी में 6, पौड़ी में 5 और अल्मोड़ा में 2 सड़कें शामिल हैं। सड़कें बंद होने से कई ग्रामीण क्षेत्रों का संपर्क प्रभावित हुआ है।
मौसम विभाग का अलर्ट
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने गुरुवार के लिए देहरादून, चमोली और बागेश्वर जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। राज्य के अन्य जिलों में येलो अलर्ट लागू है। विभाग ने कई स्थानों पर भारी बारिश, आकाशीय बिजली और तेज हवाओं की संभावना जताई है तथा लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है।
लोगों के लिए प्रशासन की सलाह
- नदी, नालों और पुलों के आसपास जाने से बचें।
- भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में अनावश्यक यात्रा न करें।
- मौसम विभाग और जिला प्रशासन की एडवाइजरी का पालन करें।
- किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग से तुरंत संपर्क करें।
राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि सभी राहत एवं बचाव एजेंसियां अलर्ट मोड में हैं और प्रदेशभर की स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।



